ब्रेकिंग न्यूज़
Breakingस्वच्छ ऊर्जाएलपीजी रिफिल सूचनाEnergy ManagementSafeEnergyUrbanEnergyEnvironmental ProtectionReliable SupplyEnergy Efficiency पीएनजी कनेक्शन अनिवार्यएलपीजी सप्लाई रोक
Daily UP का WhatsApp Channel
सबसे पहले खबर पाएं — अभी JOIN करें
JOIN करें →

LPG Rule: उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों की बढ़ सकती हैं मुश्किलें, गैस बुकिंग के नए नियम से

उज्ज्वला योजना के तहत गैस उपभोक्ताओं के लिए एलपीजी रिफिलिंग के नियमों में सोमवार को महत्वपूर्ण बदलाव किया गया है। अब सभी लाभार्थियों को अपने दूसरे गैस सिलेंडर के लिए 45 दिनों तक इंतजार करना होगा, चाहे वे ग्रामीण क्षेत्र में रहते हों या शहरी। इससे पहले यह अंतर था – ग्रामीण क्षेत्रों में सिलेंडर बुक करने के लिए 45 दिन और शहरी क्षेत्रों में 25 दिन की अवधि निर्धारित थी। नए नियम के लागू होने के बाद यह अंतर पूरी तरह समाप्त कर दिया गया है

Ujjwala Scheme Beneficiaries To Get 1 Gas Cylinder Free

जिला प्रशासन के अनुसार, इस नए बदलाव का मुख्य उद्देश्य सब्सिडी वाले गैस सिलेंडर की कालाबाजारी पर रोक लगाना और एलपीजी वितरण व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाना है। अधिकारी आनंद कुमार ने बताया कि अब कोई भी उज्ज्वला योजना का लाभार्थी निर्धारित 45 दिनों की अवधि पूरी किए बिना दूसरा सिलिंडर नहीं ले सकेगा। इससे सुनिश्चित होगा कि घरेलू गैस केवल वास्तविक और पात्र उपभोक्ताओं तक पहुंचे।

जिले में कुल 12 लाख से अधिक गैस उपभोक्ता हैं और प्रतिदिन करीब 150 टन एलपीजी की खपत होती है। उज्ज्वला योजना के तहत जिले के 3.41 लाख लाभार्थियों को अब नए नियमों के अनुसार ही गैस की आपूर्ति की जाएगी। अधिकारी ने कहा कि इस कदम से एलपीजी वितरण में अनुशासन और समानता सुनिश्चित होगी। ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के बीच पहले मौजूद अंतर को खत्म करना भी प्रशासन की प्राथमिकता रही है।

उज्ज्वला योजना में 45 दिन का नया नियम

129486680 3

जिला पूर्ति अधिकारी आनंद कुमार के अनुसार जिले में अब उज्ज्वला योजना के सभी उपभोक्ताओं के लिए एक समान गैस वितरण व्यवस्था लागू कर दी गई है, जिसके तहत कोई भी लाभार्थी निर्धारित 45 दिनों की अवधि पूरी किए बिना दूसरा सिलिंडर रिफिल नहीं करवा सकेगा। इस कदम का मुख्य उद्देश्य सब्सिडी वाले घरेलू गैस सिलिंडर की कालाबाजारी रोकना और वास्तविक उपभोक्ताओं तक सिलेंडर की सुनिश्चित उपलब्धता बनाना है, ताकि ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में समानता बनी रहे और एलपीजी वितरण प्रणाली में पारदर्शिता बढ़े। अधिकारी ने यह भी कहा कि प्रशासन इस नियम की निगरानी कर रहा है और किसी भी प्रकार की अनियमितता या शिकायत की स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जाएगी।

व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को अब केवल 20 प्रतिशत गैस मिलेगी

जिले में व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को अब केवल मांग के अनुसार 20 प्रतिशत गैस ही उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए पहले संबंधित प्रतिष्ठान की जांच की जाएगी और पिछले तीन महीनों में उनके गैस खर्च का औसत निकाला जाएगा। औसत मांग के आधार पर ही सिलिंडर दिए जाएंगे। शहर में एक हजार से अधिक होटल और रेस्तरां, 150 से अधिक पेठा इकाइयां और 2,000 से अधिक हलवाई प्रतिष्ठान हैं। डीएसओ आनंद कुमार ने बताया कि प्रतिमाह लगभग 40 हजार कॉमर्शियल सिलिंडर की खपत होती थी, लेकिन नए नियम के लागू होने के बाद केवल करीब 8 हजार सिलिंडर ही व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के लिए उपलब्ध कराए जाएंगे। अधिकारियों का कहना है कि इस कदम से एलपीजी वितरण में पारदर्शिता बढ़ेगी और वास्तविक आवश्यकताओं के हिसाब से ही गैस की आपूर्ति सुनिश्चित होगी।

lpg gas cylinders 188

शादी के लिए विशेष सुविधा

शादी जैसे विशेष अवसरों के लिए जिला पूर्ति अधिकारी आनंद कुमार ने कहा कि आवश्यक घरों के लिए कॉमर्शियल सिलिंडर की मांग सीधे शासन से की जाएगी। उदाहरण के लिए, एक परिवार ने अपनी बेटियों की शादी के लिए पांच सिलिंडर मांगे हैं। सभी मांग पत्रों के अनुसार तीनों कंपनियों से सिलिंडर उपलब्ध कराए जा रहे हैं।

also read- LPG Rule: एलपीजी सिलेंडर बुकिंग में बड़ा अपडेट,कोटे से ज्यादा लेने पर बताना होगा कारण

Leave a Comment